पार्टी में हुस्न के जलवे


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antarvasna, desi sex stories मेरा नाम सुनील है मैं चंडीगढ़ का रहने वाला हूं। मेरी उम्र 27 वर्ष है। मैं एक मध्यमवर्गीय परिवार से हूं और हम लोग अपनी जरूरतों को सीमित संसाधनों से ही पूरा करते हैं। मेरे अंदर यह पहले से ही है क्योंकि मेरे पिता भी स्कूल में क्लर्क हैं और वह हमें बचपन से ही सिखाया करते कि बेटा फालतू की चीजों में पैसे खर्च करना अच्छा नहीं है। शायद उनकी यह बात मेरे दिमाग में बचपन से ही चली आ रही है इसलिए मैं फालतू की चीजों में कभी पैसे खर्च नहीं करता। मैं जब कॉलेज में था तो उस वक्त मुझे सारे लड़के कहते कि तुम बड़े ही कंजूस हो। तुम कभी भी पैसे खर्च नहीं करते। मैं उन्हें कहता कि भैया तुम्हें तो पता है कि मेरी आदत ना तो किसी से एक रुपया लेने की है और ना किसी को को एक रुपया देने की है इसीलिए कई बार मेरी इस चक्कर में लड़कों के साथ बहस भी हो जाती लेकिन मेरा कॉलेज भी पूरा हो गया और उसके बाद मेरे पापा ने मेरे मामा से कह कर मुझे नौकरी दिलवा दी। मैं अपने मामा के ऑफिस में ही काम करता हूं।

एक दिन मैं बस स्टॉप पर बस का इंतजार कर रहा था। माओ सुबह अपने ऑफिस जाने वाला था काफी देर से बस नहीं आ रही थी तभी बस स्टॉप पर मेरे दोस्त सुमित ने अपनी कार रोकी। मैंने जब सुमित को दिखा तो सुमित मुझे कहने लगा चलो जल्दी से कार में बैठ जाओ। पीछे से बस आने वाली है। मैं जल्दी से कार के अंदर बैठ गया और हम दोनों आगे की तरफ चल पड़े। सुमित कहने लगा तुम कहां जा रहे हो? मैंने उसे कहा दोस्त तुम पहले तो मुझे ऑफिस के पास छोड़ दो। मुझे देर हो रही है। वह कहने लगा चलो ठीक है मैं तुम्हें तुम्हारे ऑफिस छोड़ देता हूं। सुमित ने अपनी कार को आगे से यू टर्न लिया और वह मेरे ऑफिस की तरफ को चल पड़ा। रास्ते में हम दोनों बात करने लगे। सुमित मुझसे कहने लगा तुम्हारा ऑफिस कैसा चल रहा है? मैंने उसे कहा बस मैं तो सिर्फ समय काट रहा हूं। मजे तो तुम लोग ही ले रहे हो। वह कहने लगा भैया मेरे क्या मजे मैं भी तो अपने पापा के साथ काम करता हूं। तभी मुझे पैसे मिलते हैं। वह मुझे फ्री में एक पैसा भी नहीं देते।

सुमित कहने लगा तुम फिलहाल यह बात छोड़ो। मैंने घूमने का प्लान बनाया है और वह तो मुझे तुम बिल्कुल सही वक्त पर मिल गए। मैं तुम्हें आज शाम को फोन करने ही वाला था। जब सुमित ने मुझसे यह बात कही तो मैंने उसे कहा यार मैं नहीं आ पाऊंगा क्योंकि मेरे पास पैसे नहीं है। वह कहने लगा कि पैसो का क्या करना है। मैं तुम्हें पैसे दे देता हूं तुम मुझे पैसे बाद में लौटा देना। मैंने उसे कहा नहीं तुम रहने दो लेकिन उसने मुझसे जिद की और कहा कि तुम मेरे साथ घूमने चल रहे हो। मैं तुम्हारे मुंह से ना नहीं सुनना चाहता। अब उसकी बात को मैं भी कैसे मना कर देता। उसने दिल से मुझे कहा तो मैंने उसे कहा ठीक है लेकिन हम लोग घूमने जा कहां रहे हैं? वह कहने लगा कि हम लोग घूमने के लिए कुल्लू जा रहे हैं। मैंने उसे कहा कि कुल्लू में कौन है? वह कहने लगा कुल्लू में मेरी गर्लफ्रेंड के भाई का रिजॉर्ट है। हम लोग वहीं पर रुकने वाले हैं। मैंने उसे कहा क्या तुम्हारे बारे में उसके घर में सबको पता है? वह कहने लगा हां मेरे बारे में तो उसके घर में सबको पता है और मैं उसके घर उसे मिलने भी जाता हूं। मैंने कहा चलो तुम्हारा सही है। एक हम है हमारे जीवन में तो कोई भी लड़की नहीं है और लगता है ऐसे ही कुंवारे जिंदगी काटनी पड़ेगी। वह कहने लगा कोई बात नहीं तुम कुल्लू चलो क्या पता कुल्लू में तुम्हारी किस्मत खुल जाए। मैंने उससे पूछा कि और कोई भी हमारे साथ चल रहा है? वह कहने लगा मेरी गर्लफ्रेंड है और एक दोस्त और है। हम लोग कार से ही चलेंगे। मैंने उसे कहा ठीक है लेकिन हमें जाना कब है? वह कहने लगा हम लोग अगले हफ्ते निकलते हैं। तुम तीन-चार दिन की छुट्टी ले लेना। मैंने कहा ठीक है मैं तीन-चार दिन की छुट्टियां ले लेता हूं। अगले हफ्ते हम लोग कुल्लू के लिए निकल पड़े। सुमित अपनी गर्लफ्रेंड के साथ ही बैठकर कार चला रहा था। वह दोनों आगे बैठे हुए थे और वह आपस में बात कर रहे थे। सुमित ने मुझे अपने दोस्त से भी मिलवाया। उसके दोस्त का नाम आकाश है। वह बड़ा ही सीधा लड़का है और काफी कम बात कर रहा था। मैं भी अकेले बैठ कर बोर हो रहा था तो मैंने सुमित से कहा भाई तुम कार में गाने तो चला लो मैं पीछे बैठ कर बोर हो रहा हूं। उसकी गर्लफ्रेंड कहने लगी हां यह दोनों तो बोर हो ही रहे होंगे। इनके साथ कोई लड़की भी तो नहीं है।

मैंने भी उसकी गर्लफ्रेंड कंचन से कहा तुम भी हमारे जले पर नमक छिड़क लो। आकाश भी कहने लगा कि कंचन की आदत तो ऐसी ही है यह हमेशा मुझे चिढाती रहती है और कहती है तुम्हारी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है। मैंने कंचन से कहा अब तो मैं इस बारे में बात ना करूं तो अच्छा होगा। वह कहने लगी ठीक है बाबा मैं तुम दोनों से इस बारे में बात नहीं करूंगी। सुमित ने गाने लगा दिए और हम लोगों का सफर अब अच्छा कटने लगा। हम लोग जब कुल्लू पहुंचे तो कंचना अपने भाई सैमी से मिली। सैमी का पूरा नाम सतेंदर है। सैमी नशे में धुत था वह कहने लगा तुम गाने लगाओ। तुम लोग अब मेरे साथ पार्टी इंजॉय करो। जब हम लोग उसके रिसोर्ट के अंदर घुसे तो वहां हमने देखा की 10 15 लड़के और लड़कियां बैठे हुए हैं। वह लोग बड़ी जबरदस्त पार्टी कर रहे थे। मैं तो देख कर खुश हो गया और मैंने सुमित से कहा अब तो मजा आने वाला है और यह कहते हुए मैंने भी बीयर की बोतल अपने हाथ में ले ली  और बीयर पीने लगा। मैंने काफी बीयर पीली और उसका नशा मेरे सर पर चढ़ चुका था। वहां पर जमकर पार्टी चल रही थी और गाने भी चल रहे थे।

हम लोग भी डांस कर रहे थे। कुछ लोग शराब के मजे ले रहे थे। जब मैं डांस कर रहा था तो मेरे साथ एक लड़की भी डांस करने लगी। मैंने भी उसकी कमर में हाथ रख दिया और उसके साथ डांस करने लगा। वह मुझे कुछ भी नहीं कह रही थी। जब उसके बड़े स्तन डांस करते हुए हिलते तो मैंने उससे उसका नाम पूछा उसका नाम रूही था। मैंने रूही के स्तनों पर हाथ लगाना शुरू कर दिया। वह जैसे ही मूड में हो गई तो हम दोनों  रूम में चले गए। जैसे ही हम दोनों रूम के अंदर घुसे तो मैंने रूही को कसकर पकड़ लिया और उसे बिस्तर पर लेटा दिया। उसका शरीर इतना ज्यादा गर्म हो रखा था मैंने उसके कपड़े उतार दिए और उसके स्तनों को चूसने लगा। मैं जब उसके स्तनों को चूसता तो मेरा लंड एकदम से खड़ा हो जाता। मैंने जब उसकी चिकनी चूत को चाटना शुरू किया तो मुझे बहुत मजा आने लगा वह उत्तेजित हो गई। उसने मुझे कहा  मुझे तुम्हारे लंड को चूसना है उसने मेरे लंड को 2 मिनट तक सकिंग किया लेकिन उसने मेरे लंड का जूस बाहर निकाल दिया। मैंने जैसे ही उसकी चूत के अंदर अपने लंड को घुसाया तो वह उत्तेजित हो गई। वह मुझे कहने लगी तुम्हारा लंड अपनी चूत में लेकर मुझे बहुत मजा आ रहा है। मैंने भी उसके दोनों पैरों को अपने कंधों पर रखते हुए बड़ी तेज गति से धक्के मारना शुरू कर दिया। मैंने उसे इतनी तेजी से धक्के दिए वह मेरे लंड को ज्यादा समय तक नहीं झेल पाई। जब वह झडने वाली थी तो उसने मुझे कहा मेरा तो काम हो चुका है अब तुम अपने वीर्य को मेरे अंदर ही गिरा दो। मैंने भी तेजी से झटके मारे और जैसे ही मेरा वीर्य उसकी योनि के अंदर गिरा तो मुझे बड़ा मजा आ गया। कुछ देर तक हम दोनों ने एक दूसरे के पार्ट्स को चूसना शुरू किया। जब हम दोनों दोबार से उत्तेजित हो गए तो मैंने दोबारा से उसकी चूत में लंड डाल दिया। उसका बदन बहुत ही मुलायम था मैं उसके स्तनों को अपने मुंह में लेकर चूसता और उन्हे तेजी से धक्के दे रहा था। जब मैं उसे धक्का मारता तो मैंने रूही को कहां मेरा वीर्य गिरने वाला है तुम मेरे लंड को अपने मुंह में लेकर चूसो। मैंने जब उसके मुंह में अपने लंड को डाला तो वह अच्छा से मेरे लंड को सकिंग करने लगी और कुछ सेकंड बाद मेरा वीर्य उसके मुंह के अंदर गिर गया। उसने वह सारा वीर्य अपने अंदर ही ले लिया। उसके बाद उसके कमरे में रखी बीयर की बोतल से हम दोनों ने बीयर पी। मैं वही लंबा हो कर सो गया।